Fri 19 Jun 2026
Logo
Breaking News Exclusive
104 में 104 छात्र पास, 73 ने प्रथम श्रेणी में मारी बाज़ी अम्बेडकर जयंती पर समाजकार्य स्नातक एवं स्नातकोत्तर के विद्यार्थी ने रखें अपने विचार अवैध हथियारों के साथ युवक गिरफ्तार, कोतवाली पुलिस ने दो देशी पिस्टल किए बरामद कोतवाली पुलिस की बड़ी कार्रवाई: 29 धारदार तलवारों के साथ हरियाणा का युवक गिरफ्तार संकल्प से समाधान” अभियान के तहत नागरिकों के आवेदनों का किया जा रहा है निराकरण सरयूपारिण ब्राह्मण महिला मंडल का पारंपरिक हल्दी कुमकुम कार्यक्रम संपन् विशेष संवाददाता लोकेंद्र तिरोले विशेष संवाददाता लोकेंद्र तिरोले विशेष संवाददाता लोकेंद्र तिरोले संवाददाता लोकेंद्र तिरोले

: बेमौसम बारिश ने मूंग की फसल की कमर तोड़ी, किसानों की मेहनत पर पानी फिरा

Barkat Qureshi / Fri, May 30, 2025 / Post views : 322

Share:
बेमौसम बारिश ने मूंग की फसल की कमर तोड़ी, किसानों की मेहनत पर पानी फिरा तेज बारिश और आंधी-तूफान से खेतों में तबाही, प्रशासन से मुआवजे की मांग   संवाददाता – ईस्हाक गौरी, मूंदी मूंदी (खरगोन)। क्षेत्र में बीते कुछ दिनों से हो रही बेमौसम बारिश और आंधी-तूफान ने किसानों के अरमानों को चूर-चूर कर दिया है। मूंग की पूरी फसल बर्बाद हो चुकी है, जिससे किसानों को गहरा आर्थिक झटका लगा है। खेतों में तैयार खड़ी फसल इस मौसम की मार से पूरी तरह नष्ट हो गई। इस संबंध में आदि विकास परिषद के प्रदेश संगठन सचिव श्री जगपाल पटेल ने शुक्रवार को ग्राम जलकुआ और आसपास के क्षेत्रों का दौरा कर खेतों की स्थिति का जायज़ा लिया। उन्होंने बताया कि मौसम की विपरीत परिस्थितियों ने किसानों को भारी नुकसान पहुँचाया है। "खेतों में मूंग की फसल पूरी तरह पक चुकी थी, लेकिन बारिश और तेज हवाओं ने पूरी फसल को चौपट कर दिया। हम जल्द ही कृषि और राजस्व अधिकारियों से मिलकर मुआवजे की मांग करेंगे," – जगपाल पटेल, संगठन सचिव, आदि विकास परिषद   ग्राम जलकुआ के एक किसान ने बताया कि उन्होंने इस साल मूंग की खेती में लगभग ₹40,000 का खर्च किया था। लेकिन फसल मंडी तक पहुँचने से पहले ही बर्बाद हो गई। किसान का दर्द छलक उठा –ओर कहा कि सालभर की मेहनत मिट्टी में मिल गई। मुंह तक आया निवाला भी छिन गया।" सर्वे की मांग, प्रशासन से त्वरित सहायता की अपील श्री पटेल ने बताया कि वे जल्द ही फसल नुकसानी का पंचनामा करवाने के लिए कृषि विभाग एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों से संपर्क करेंगे ताकि प्रभावित किसानों को जल्द से जल्द राहत मिल सके। उन्होंने प्रशासन से अपील करेगे कि वह तत्काल सर्वे कराकर आर्थिक सहायता पैकेज की घोषणा करे। राज्यभर में हालात चिंताजनक गौरतलब है कि पिछले 12 दिनों से मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों में लगातार बारिश और आंधी-तूफान से खेतों को व्यापक नुकसान हुआ है। विशेषकर मूंग और अन्य खरीफ फसलों की तैयार पैदावार नष्ट हो गई है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक संकट और कर्ज का बोझ और अधिक गहराने की आशंका है। "किसान केवल अन्नदाता नहीं, राष्ट्र निर्माता भी है। उनकी मेहनत की रक्षा सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।"

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें