: नगर परिषद उपाध्यक्ष राजनारायण मण्डलोई द्वारा एक कुपोषित बच्चे को गोद लेकर संभाली पोषण की जिम्मेदारी
Barkat Qureshi / Fri, Feb 14, 2025 / Post views : 191
नगर परिषद उपाध्यक्ष राजनारायण मण्डलोई द्वारा एक कुपोषित बच्चे को गोद लेकर संभाली पोषण की जिम्मेदारी
बच्चों काे कुपोषण से मुक्ति दिलाने के लिए अब ऐसे समाज सेवकों की तलाश की जा रही है, जो अपने क्षेत्र के कुपोषित बच्चों में से किसी एक को गोद ले सकें और उस बच्चे का कुपोषण दूर करने में सहायक बनें। जिससे इस रोग से ग्रस्त बच्चे सुपोषित हो जाएं। यह पहल महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा स्नेह सरोकार योजना के तहत की गई है। विभाग ने योजना के तहत क्षेत्र में काम शुरू कर दिया है और इसमें लोगों का सहयोग भी मिल रहा है।
इसी क्रम में मूंदी मे चलायी जा रही इस योजना में वार्ड क्रमांक 12 में स्थित आगनवाडी में मूंदी के समाजसेवी एवं नगर परिषद के उपाध्यक्ष राजनारायण मण्डलोई ने आचल योजना के तहत एक बच्चा जिसका नाम वंश पिता टीना उम्र लगभग 4 माह है जो कि कुपोषित की स्थिति में उसे गोद लिया है ओर राजनारायण मण्डलोई के द्वारा वंश की माता दवाईया, प्रोटिन,आयरन, विटामिन्स, मिनरल,गुड एवं चना दिया गया
आगनवाडी सुपरवाईजर राठोर ने बताया कि कुपोषित बच्चों को गोद लेने की इच्छा रखने वाले व्यक्ति को ऐसे बच्चे को गोद लेना होगा जो कुपोषण की श्रेणी में हैं। इस बच्चे को खाने के लिए आंगनवाड़ी के माध्यम से या सीधे रोजाना पौष्टिक आहार देना होगा। बीच-बीच में हर माह बच्चे के घर या आंगनवाड़ी केंद्र जाकर उसका वजन करा कर ग्रेडिंग देखना होगी। सालभर तक यह क्रम चलेगा और बच्चा कुपोषण से मुक्त हो जाएगा।
बच्चों काे कुपोषण से मुक्ति दिलाने के लिए अब ऐसे समाज सेवकों की तलाश की जा रही है, जो अपने क्षेत्र के कुपोषित बच्चों में से किसी एक को गोद ले सकें और उस बच्चे का कुपोषण दूर करने में सहायक बनें। जिससे इस रोग से ग्रस्त बच्चे सुपोषित हो जाएं। यह पहल महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा स्नेह सरोकार योजना के तहत की गई है। विभाग ने योजना के तहत क्षेत्र में काम शुरू कर दिया है और इसमें लोगों का सहयोग भी मिल रहा है।
इसी क्रम में मूंदी मे चलायी जा रही इस योजना में वार्ड क्रमांक 12 में स्थित आगनवाडी में मूंदी के समाजसेवी एवं नगर परिषद के उपाध्यक्ष राजनारायण मण्डलोई ने आचल योजना के तहत एक बच्चा जिसका नाम वंश पिता टीना उम्र लगभग 4 माह है जो कि कुपोषित की स्थिति में उसे गोद लिया है ओर राजनारायण मण्डलोई के द्वारा वंश की माता दवाईया, प्रोटिन,आयरन, विटामिन्स, मिनरल,गुड एवं चना दिया गया
आगनवाडी सुपरवाईजर राठोर ने बताया कि कुपोषित बच्चों को गोद लेने की इच्छा रखने वाले व्यक्ति को ऐसे बच्चे को गोद लेना होगा जो कुपोषण की श्रेणी में हैं। इस बच्चे को खाने के लिए आंगनवाड़ी के माध्यम से या सीधे रोजाना पौष्टिक आहार देना होगा। बीच-बीच में हर माह बच्चे के घर या आंगनवाड़ी केंद्र जाकर उसका वजन करा कर ग्रेडिंग देखना होगी। सालभर तक यह क्रम चलेगा और बच्चा कुपोषण से मुक्त हो जाएगा।विज्ञापन
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