: समूह की महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए हर संभव मदद की जाएगी
Barkat Qureshi / Wed, Mar 19, 2025 / Post views : 226
समूह की महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए हर संभव मदद की जाएगी
कलेक्टर श्री सिंह ने स्व सहायता समूह की दीदियों को किया आश्वस्त
हरदा से ब्यूरो चीफ गोपाल शुक्ला
हरदा 18 मार्च 2025 कलेक्टर श्री आदित्य सिंह ने मंगलवार शाम को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित बैठक में स्व सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं से चर्चा की, और उन्हें आश्वस्त किया कि समूह की महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए जिला प्रशासन हर संभव मदद करेगा। उन्होंने कहा कि समूह की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न आर्थिक गतिविधियों से जोड़ा जाएगा। क्लेक्टर श्री सिंह ने बैठक में कहा कि शासकीय स्कूलो, छात्रावासों व अन्य कार्यालयों में उपयोग में आने वाली सामग्री महिला स्व सहायता समूह प्रदाय कर सकते हैं। इससे उनकी आय बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा उत्पादित सामग्री के विक्रय के लिए डिस्पले सेंटर स्थापित किया जाएगा। जहां वे अपने उत्पादों का प्रदर्शन और विक्रय कर सकेंगी। उन्होंने कहा कि समूह की महिलाओं को अपने उत्पादों के विक्रय के लिए ऑनलाइन मार्केटिंग में भी शामिल होना चाहिए।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के जिला परियोजना प्रबंधक श्री रामनिवास कालेश्वर ने बैठक में बताया कि जिले में स्वसहायता समूह की महिलाओं के लिए जिला खनिज निधि से सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि नवाचार के रूप में स्वसहायता समूह से जुड़ीं कुल 44464 महिलाओं को शारीरिक स्वच्छता और सफाई के प्रति जागरूक करने तथा माहवारी के दौरान सेनेटरी पैड का उपयोग हेतु प्रेरित करने के उद्देश्य से कुल 33.24 लाख रुपए लागत से 2 माह के लिए सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराये जाएंगे। इस अवसर पर उपस्थित स्वयं सहायता समूह की महिला सदस्यों ने बताया कि वह ड्रोन से कीटनाशक छिड़काव का कार्य कर रही हैं। जिसमें 400 रुपए प्रति एकड़ दर से उन्हें आय प्राप्त होती है। उन्होंने बताया कि इसके लिए महिलाओं को 10 लाख रुपए लागत का ड्रोन उपलब्ध कराया गया है तथा गुड़गांव के ट्रेनिंग सेंटर में उन्हें प्रशिक्षण भी दिलाया जा चुका है।
हरदा से ब्यूरो चीफ गोपाल शुक्ला
हरदा 18 मार्च 2025 कलेक्टर श्री आदित्य सिंह ने मंगलवार शाम को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित बैठक में स्व सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं से चर्चा की, और उन्हें आश्वस्त किया कि समूह की महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए जिला प्रशासन हर संभव मदद करेगा। उन्होंने कहा कि समूह की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न आर्थिक गतिविधियों से जोड़ा जाएगा। क्लेक्टर श्री सिंह ने बैठक में कहा कि शासकीय स्कूलो, छात्रावासों व अन्य कार्यालयों में उपयोग में आने वाली सामग्री महिला स्व सहायता समूह प्रदाय कर सकते हैं। इससे उनकी आय बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा उत्पादित सामग्री के विक्रय के लिए डिस्पले सेंटर स्थापित किया जाएगा। जहां वे अपने उत्पादों का प्रदर्शन और विक्रय कर सकेंगी। उन्होंने कहा कि समूह की महिलाओं को अपने उत्पादों के विक्रय के लिए ऑनलाइन मार्केटिंग में भी शामिल होना चाहिए।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के जिला परियोजना प्रबंधक श्री रामनिवास कालेश्वर ने बैठक में बताया कि जिले में स्वसहायता समूह की महिलाओं के लिए जिला खनिज निधि से सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि नवाचार के रूप में स्वसहायता समूह से जुड़ीं कुल 44464 महिलाओं को शारीरिक स्वच्छता और सफाई के प्रति जागरूक करने तथा माहवारी के दौरान सेनेटरी पैड का उपयोग हेतु प्रेरित करने के उद्देश्य से कुल 33.24 लाख रुपए लागत से 2 माह के लिए सेनेटरी नैपकिन उपलब्ध कराये जाएंगे। इस अवसर पर उपस्थित स्वयं सहायता समूह की महिला सदस्यों ने बताया कि वह ड्रोन से कीटनाशक छिड़काव का कार्य कर रही हैं। जिसमें 400 रुपए प्रति एकड़ दर से उन्हें आय प्राप्त होती है। उन्होंने बताया कि इसके लिए महिलाओं को 10 लाख रुपए लागत का ड्रोन उपलब्ध कराया गया है तथा गुड़गांव के ट्रेनिंग सेंटर में उन्हें प्रशिक्षण भी दिलाया जा चुका है।विज्ञापन
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